जिसे जानना है उसे तुम्हे बताना तो है नही

बैठे है इन दिनों कही जाना तो है नही घर के अलावा कोई ठिकाना तो है नहीं अब गली में जाना छोड़ दिया है हमने तुम्हारी क्या करे तुम्हे खिड़की में अब आना तो है नही जिंदगी लम्बी है कई सारे किरदार Read More

जो सुनता हूँ कहूँगा मैं जो कहता – अनवर शऊर

जो सुनता हूँ कहूँगा मैं जो कहता हूँ सुनूँगा मैंहमेशा मजलिस-ए-नुत्क़-ओ-समाअत में रहूँगा मैं नहीं है तल्ख़-गोई शेव-ए-संजीदगाँ लेकिनमुझे वो गालियाँ देंगे तो क्या चुप साध लूँगा मैं कम-अज़-कम घर तो अपना है अगर वीरान भी होगातो दहलीज़ ओ दर ओ दीवार Read More

तेरी गरीबी निकाल सकता हुँ मैं – Rajesh Kumar

पत्थर निचोड़ने पर पानी निकाल सकता हुँ मैं तुझमें बसी हर बला जड़ से निकाल सकता हुँ मैं कोई तांत्रिक वैद हक़ीम या तिलिस्म नहीं हुँ मजदूर हुँ तेरी गरीबी निकाल सकता हुँ मैं कभी करता नहीं गुमान अपनी शख़्सियत पर झुक Read More

उनके नम्बर भी तुम्हारे फ़ोन में ना रखना – Tushar Jain

छोटी सी है जिंदगी कब गुजर जाए इसको जीने में कोई कसक ना रखना ताउम्र कर्जे लेकर जिसने तुम्हे बड़ा किया अब सर पर उसके कोई बोझ ना रखना मेरे हिस्से का काम शायद वो पूरा कर दे अब किसी और से Read More

मुझे किताबे पढ़ने का शौक है – Tushar Jain

जिंदगी जीने का ये तरीका अपनाना बिना सहारे के तुम नया रास्ता बनाना हाथों में गिटार अच्छा लगता है तुम्हारे इस हुनर को जमाने से अब ना छुपाना अक्सर झगड़े होते रहते है रिश्तों में ऐसी छोटी बातों पर मुँह ना फूलाना Read More

मैं गलत तारीफ नही करता हूँ – Tushar Ajay Jain

जिसके जहन में है फर्ज वो मंजिल भटकता नही है संस्कारी बच्चा कभी गलत रास्ते पे चलता नही है शायद शहर में हो तुम, गाँव की छत खाली है आजकल शाम को छत पर कोई आता नही है बाजार में औऱ भी Read More

सबके अंदर ढेरो कहानियां होती है – Tushar Ajay Jain

माफ करने की हमारी जिम्मेदारियाँ होती है दोस्तों से भी तो नादानियां होती है रूठे हुए हो तो अभी मना लो उन्हें अपनो के जाने से परेशानियां होती है गाँव के मकानों में अब भी बरकत है जहां बुजुर्गो की निशानियां होती है Read More